प्रदूषण के मुद्दे पर आम आदमी पार्टी ने पंजाब और हरियाणा की सरकारों को किया आगाह

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-प्रणय शर्मा, संवाददाता

 

आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता राघव चड्ढा ने कहा कि पूरे देश में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल एकमात्र ऐसे मुख्यमंत्री हैं, जिन्होंने प्रदूषण के खिलाफ गंभीरता और पूरी ईमानदारी के साथ लड़ने की इच्छा दिखाई है. पंजाब और हरियाणा वायु-प्रदूषण के मामले में उदासीनता बरत रहे हैं और पराली जलने से रोकने के लिए कोई कदम नहीं उठा रहे हैं. पिछले साल के मुकाबले अक्टूबर के पहले सप्ताह में पराली जलाने के मामलों में पंजाब में 9 गुना और हरियाणा में 3 गुना वृद्धि हुई है. राघव चड्ढा ने कहा कि एक तरफ, पीएम नरेंद्र मोदी वायु प्रदूषण से निपटने की बात करते हैं, लेकिन दूसरी तरफ हरियाणा की भाजपा सरकार ने पीएम की सलाह को नजरअंदाज किया है. केंद्रीय वित्त मंत्री ने घोषणा की है कि केंद्र सरकार हवा को स्वच्छ करने के लिए 4,400 करोड़ रुपये खर्च करेगी हम पूछना चाहते हैं कि यह पैसा कहां गया? उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी की मांग है कि सुप्रीम कोर्ट द्वारा नियुक्त ईपीसीए पराली जलाने की शिकायतों की अनदेखी करने के लिए पंजाब और हरियाणा सरकार के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करे.

 

आम आदमी पार्टी के विधायक राघव चड्ढा ने पराली की वजह से दिल्ली में होने वाले वायु प्रदूषण और लोगों की स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को लेकर प्रेस कॉन्फ्रेंस की. राघव चड्ढा ने पार्टी मुख्यालय में बुधवार को कहा कि आज से दो दिन पहले दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने वायु प्रदूषण को लेकर एक्शन प्लान जारी किया. ‘युद्ध, प्रदूषण के विरुद्ध’ नाम से एक अभियान भी शुरू किया कि किस प्रकार से दिल्ली वालों के स्वास्थ्य की रक्षा की जा सके और किस तरह से दिल्ली में वायु प्रदूषण को कम किया जा सके. लेकिन दिल्ली अकेले वायु प्रदूषण की लड़ाई को नहीं लड़ सकती.

 

उन्होंने आगे कहा कि दिल्ली के पड़ोसी राज्यों और अन्य कारणों की वजह से दिल्ली में वायु प्रदूषण बढ़ता है. पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में होने वाले वायु प्रदूषण को हवा दिल्ली ले आती है. दिल्ली वालों के फेफड़ों पर इसका बुरा प्रभाव पड़ता है और दिल्ली एक गैस चैंबर में तब्दील हो जाती है. हर सर्दियों में हमें यह अक्सर देखने को मिलता है. पिछले साल TERI की स्टडी के अनुसार, दिल्ली में जो वायु प्रदूषण होता है, उसका 70 फीसदी कारण पड़ोसी राज्य यानी पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश हैं. दिल्ली के वायु प्रदूषण का सबसे मुख्य कारण पंजाब, हरियाणा और यूपी में जलाई जाने वाली पराली है.

 

उन्होंने आगे कहा कि मैं पंजाब और हरियाणा को चेतावनी देता हूं कि वो अपनी इस आपराधिक लापरवाही, गैर जिम्मेदाराना बर्ताव और निष्क्रियता की नींद से जागकर, दिल्ली के नागरिकों के बारे में सोचें, अपने राज्यों में पराली जलाने पर रोक लगाएं और किसानों की मदद करें.

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