इलाहाबाद HC ने डॉ. कफील खान को तुरंत रिहाई के दिए आदेश, विपक्ष का सरकार पर हमला

Spread the love

नागरिकता संशोधन कानून को लेकर भड़काऊ भाषण देने के आरोप में रासुका कानून के तहत गिरफ्तार किए गए डॉक्टर कफील खान को इलाहाबाद हाईकोर्ट ने जमानत दे दी है. इसके साथ ही डॉ. कफील को तुरंत रिहा करने के भी आदेश दिए हैं और उन पर लगी रासुका को भी हटा दिया है.अदालत ने कहा कि रासुका के तहत गिरफ्तारी अवैध है.

हाईकोर्ट ने इस मामले में 28 अगस्त को सुनवाई पूरी करने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया था. डॉ. कफील पर नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) और भारतीय राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (एनआरसी) को लेकर भड़काऊ भाषण देने के आरोप में अलीगढ़ के डीएम ने रासुका की कार्रवाई की थी. इसके खिलाफ डॉ. कफील की मां नुजहत परवीन ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी.

बता दें कि डॉक्टक कफील पिछले 6 महीनों से जेल में बंद हैं. हाल ही में उनकी हिरासत को 3 महीने के लिए बढ़ाया गया था. डॉक्टर कफील ने जेल से पीएम मोदी को चिट्ठी लिख रिहा करने और कोविड-19 मरीजों की सेवा करने की मांग की थी, उन्होंने सरकार के लिए एक रोडमैड भी भेजा था.

योगी सरकार पर विपक्ष का हमला

डॉ. कफील खान को हाई कोर्ट से राहत मिलने के बाद प्रदेश की बीजेपी सरकार पर विपक्षियों ने हमला बोला है.समाजवादी पार्टी ने हाई कोर्ट के फैसले को जहां ‘दमनकारी’ सत्ता के मुंह पर करारा तमाचा करार दिया है. वहीं कांग्रेस ने योगी सरकार से उम्मीद जताई है कि वह जल्दी ही डॉ. कफील खान को रिहा करेगी.

समाजवादी पार्टी ने हाई कोर्ट के फैसले का जिक्र करते हुए कहा कि डॉ. कफील की रिहाई का आदेश दमनकारी और अत्याचारी सत्ता के मुंह पर करारा तमाचा है। दंभी भूल जाते हैं कि न्यायालय इंसाफ के लिए खुले हैं। राजनीतिक लाभ और नफरत की राजनीति के तहत कार्रवाई करने वाले सीएम माफी मांगें।

एसपी के अलावा कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने कहा, ‘इलाहाबाद हाईकोर्ट ने डॉ. कफील के ऊपर से रासुका हटाकर उन्हें रिहा करने का आदेश दिया है। आशा है कि यूपी सरकार उन्हें बिना किसी द्वेष के अविलंब रिहा करेगी।’

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *